उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव में कम से कम आठ माह बाकी हैं। सत्ता पक्ष एनडीए के छोटे सहयोगी दल निषाद पार्टी और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (एसबीएसपी) चाहते हैं कि सीटों का बंटवारा जल्द हो जाए। इस मुद्दे पर 21 जून के बाद बैठक होने की संभावना है।
लखनऊ : उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव फरवरी-मार्च 2027 में होने की संभावना है। चुनाव में फिलहाल कम से कम 8 महीने बाकी हैं लेकिन गठबंधनों में सीटों के बंटवार को लेकर खलबली होने लगी है। विपक्ष के इंडिया गठबंधन, जिसमें मुख्य रूप से समाजवादी पार्टी और कांग्रेस शामिल है, में सीटों के लिए रस्साकशी के संकेत कई दिन पहले से मिलने लगे थे। अब सत्ता पक्ष एनडीए में भी सीटों के लिए खास तौर पर छोटे दल व्याकुल नजर आने लगे हैं। वे एनडीए का नेतृत्व करने वाली बीजेपी की ओर से सीटों के बंटवारे का फैसला जल्दी चाहते हैं।
इंडिया गठबंधन में सीट बंटवारे की रणनीति तय
नेशनल डेमोक्रेटिक एलायंस (NDA) का नेतृत्व करने वाली बीजेपी ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में सीटों के बंटवारे को लेकर अब तक कोई संकेत नहीं दिए हैं। दूसरी तरफ यूपी में इंडिया गठबंधन का नेतृत्व करने वाली समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष ने यह तय कर दिया है कि वे सहयोगी दलों को सिर्फ वे सीटें देंगे जिन पर उनका उम्मीदवार मजबूत हो और जीत का दावा पक्का हो। बीजेपी सीटों के बंटवारे में क्या रणनीति अपनाने वाली है, फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है।
संजय निषाद और ओपी राजभर बीजेपी नेताओं से मिले
एनडीए में शामिल दो छोटे दलों निषाद पार्टी और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी ( SBSP ) ने अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले बीजेपी से गठबंधन की पार्टियों के बीच सीटों के बंटवारे पर जल्द समझौता करने की मांग की है। दिल्ली में भारत मंडपम में हाल ही में हुई एनडीए की बैठक में निषाद पार्टी के प्रमुख संजय निषाद और एसबीएसपी के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं के सामने यह मुद्दा उठाया था। उन्होंने बीजेपी नेताओं से सीट बंटवारे पर शीघ्र बातचीत शुरू करने का आग्रह किया। बताया जाता है कि बीजेपी नेतृत्व ने उन्हें भरोसा दिलाया है कि उनकी मांगों पर विचार किया जाएगा।
21 जून के बाद बैठक करने का आश्वासन
एनडीए की बैठक के एक दिन बाद यह दोनों नेता दिल्ली में बीजेपी मुख्यालय पहुंचे। वहां उन्होंने बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन से मुलाकात की। उन्होंने नितिन नवीन के सामने भी जल्द सीट बंटवारे का फॉर्मूला तय करने की मांग दोहराई। उन्होंने पूर्व में उत्तर प्रदेश में पार्टी का कामकाज संभालते रहे बीजेपी के महासचिव सुनील बंसल से भी बातचीत की। सूत्रों के मुताबिक, बीजेपी नेताओं ने सहयोगी दलों को 21 जून के बाद बैठक करने का आश्वासन दिया है। तब तक मोदी सरकार के 12 साल पूरे होने पर आयोजित किए जा रहे कार्यक्रम समाप्त हो जाएंगे।
राजभर ने पिछले चनाव में सपा से किया था गठबंधन
उत्तर प्रदेश के वर्ष 2022 के विधानसभा चुनावों में निषाद पार्टी ने बीजेपी के साथ गठबंधन में 16 सीटों पर चुनाव लड़ा था। सीट बंटवारे के समझौते के तहत छह उम्मीदवारों ने बीजेपी के चुनाव चिह्न पर चुनाव लड़ा था। इस पार्टी ने 11 सीटें जीती थीं। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (एसबीएसपी) ने समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन में 19 सीटों पर चुनाव लड़ा था और छह सीटें जीती थीं। बाद में ओमप्रकाश राजभर एनडीए में शामिल हो गए थे।

