दिल्ली के विकासपुरी दशहरा ग्राउंड में मिक्सर झूले का गेट टूटने से गिरकर घायल हुई 27 वर्षीय गुड़िया की मौत हो गई। हादसे में घायल रवि की हालत गंभीर है और उन्हें याददाश्त संबंधी परेशानी हो रही है। परिजनों ने झूला संचालक और मेला आयोजकों पर सुरक्षा में लापरवाही के आरोप लगाए हैं।
विकासपुरी: दशहरा ग्राउंड में मिक्सर झूले के गेट से गिरकर घायल हुई गुड़िया (27) की मौत के बाद उनके परिजनों ने झूले के इंतजाम और सुरक्षा को लेकर उसके संचालक पर सवाल उठाया है।
बुधवार शाम परिवार के लोगों ने दशहरा ग्राउंड पहुंचकर विरोध भी जताया। मौके पर पहुंची पुलिस ने समझाया और थाने लेकर गई। साथ ही ग्राउंड के आसपास पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई। वहीं गुड़िया की मौत के बाद गुड़िया के परिवार वालों ने मेले के आयोजक पर भी कार्रवाई की मांग की है। उनका आरोप है कि पुलिस भी आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई नहीं कर रही है।
क्या है पूरा मामला
हादसे के वक्त झूले के अंदर मौजूद गुड़िया की बहन का दावा है कि झूले में 125 से ज्यादा लोग थे, जिसके कारण गुड़िया और रवि को गेट के पास खड़े होने की जगह मिली थी। दुर्भाग्य से गेट का लॉक टूट गया और गुड़िया के साथ रवि बाहर गिर गए। गंभीर रूप से घायल हालात में गुड़िया और रवि को जनकपुरी के माता चानन देवी अस्पताल ले गए, जहां से उन्हें आरएमएल अस्पताल भेजा गया। परिवार का आरोप है कि झूला ओवरस्पीड से घूम रहा था। उसी कारण से गेट का टूट गया। परिवार के लोगों ने झूला संचालक के इंतजाम और सुरक्षा के अलावा मेला संचालक पर सवाल खड़ा किया है। उनका कहना था कि जब परमिशन रात 11 बजे तक थी, तो झूला उसके बाद तक कैसे चलता रहा। वहीं मेला कमिटी के अध्यक्ष सुनील जिंदल ने दावा किया था कि परमिशन मिलने के बाद पुलिस की गाइडलाइन के मुताबिक मेले का आयोजन होता है।
परिवार वालों ने मेला संचालक पर भी उठाया सवाल
भीड़ की वजह से गेट के पास मिली थी गुड़िया और रवि को जगह
घायल रवि के सिर पर गंभीर चोट, नहीं लौट रही उनकी याददाश्त
रवि की हालत गंभीर इस हादसे में घायल रवि के दोस्त ने बताया कि रवि के सिर में चोट लगी है, जिसके कारण उन्हें कुछ याद नही आ रहा। रवि भी विकास नगर इलाके की काली बस्ती में रहते हैं। पुलिस ने मामला तो मंगलवार को दर्ज कर लिया है, लेकिन किसी की गिरफ्तारी की पुष्टि नही की है।

