अहमदाबाद (स्पेशल रिपोर्ट – ‘महानगर मेट्रो ‘) : शुरू में जब एक आम युवा आंदोलन के मैदान में उतरा तो दिल्ली के पॉलिटिकल गलियारों और कई एनालिस्ट्स को लगा कि “इससे कुछ नहीं होगा, दो-चार दिन में हार जाएगा।” लेकिन जिस तरह से उसने लड़ाई लड़ी, एयरपोर्ट से लेकर जंतर-मंतर तक, उसने साबित कर दिया कि ‘बंदे में दम होता है!’
एयरपोर्ट पर दिल्ली पुलिस का कानूनी जाल और हिम्मत वाला बचाव
कई लोग लगातार इस सवाल से हैरान थे कि दिल्ली पुलिस उनके सामने आंदोलन की परमिशन देने एयरपोर्ट क्यों गई? इसका जवाब अब साफ हो गया है। दिल्ली पुलिस किसी हमदर्दी से परमिशन देने नहीं गई थी, बल्कि कैलकुलेशन तो आंदोलन को कानूनी अड़चनों और कागजी जाल में फंसाकर कुचलने का था। लेकिन अभिजीत ने अपनी होशियारी और बेमिसाल हिम्मत से पासा पलट दिया और वहां से भागकर सीधे जंतर-मंतर पर युवाओं की आवाज़ बनकर खड़े हो गए।
CJP की धीरे-धीरे जीत ने सत्ता की कब्र खोद दी
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की शुरू की यह लड़ाई सिर्फ़ विरोध नहीं थी, बल्कि सत्ता में बैठे आकाओं के ख़िलाफ़ बगावत थी:
धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफ़ा: CJP ने सबसे पहले शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग की। सरकार शुरू में नहीं मानी, लेकिन आख़िरकार लोगों के गुस्से के आगे झुक गई और उसे इस्तीफ़ा देना पड़ा।
केस वापस लेना और सुप्रीम कोर्ट का फ़ैसला: जब सरकार विरोध कर रहे छात्रों के ख़िलाफ़ दर्ज FIR वापस लेने में आनाकानी कर रही थी, तो CJP ने फिर से देश भर में आंदोलन की धमकी दी। नतीजतन, सुप्रीम कोर्ट ने भी सख़्त रुख़ अपनाया और FIR रद्द करने और राहत देने का रास्ता साफ़ कर दिया।
‘फ़िक्स स्कूल’ कैंपेन: जब CJP ने शिक्षा व्यवस्था को सुधारने के लिए ‘फ़िक्स स्कूल’ कैंपेन शुरू किया, तो लोकल गुंडों और असामाजिक तत्वों ने हमला किया, विरोध किया और सभी सड़कें जाम कर दीं। लेकिन, कैंपेन बिना हार माने चलता रहा और आखिर में बेबस सरकारी सिस्टम को स्कूलों को ठीक करने का काम अपने हाथ में लेना पड़ा!
युवा शक्ति की जीत, फिर भी BJP का फीका परफॉर्मेंस!
कॉकरोच जनता पार्टी की हर मांग पूरी हुई। कपल ने जो कुछ कहा और दिखाया था, उसे पूरा करके ही सीन छोड़ा। सरकारी सिस्टम और घमंडी नेताओं की बात सुनने के बाद भी BJP नेता ऐसे एक्टिंग कर रहे हैं जैसे वे जीत गए हों! लेकिन देश की जनता और गुजरात के युवा सब कुछ देख रहे हैं। जीत अहंकार की नहीं, बल्कि सच्चाई और बचने वाले युवाओं की है!

