राजकोट। गुजरात में शराबबंदी के बावजूद अवैध रूप से शराब की तस्करी करने वाले बूटलेगरों के खिलाफ राजकोट शहर पीसीबी (पुलिस क्राइम ब्रांच) ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने बूटलेगरों की कथित हाईटेक कार्यप्रणाली का पर्दाफाश करते हुए दिल्ली से राजकोट के रास्ते जामनगर ले जाई जा रही विदेशी शराब की बड़ी खेप पकड़ ली।
पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि एक वाहन के जरिए बड़ी मात्रा में विदेशी शराब गुजरात लाई जा रही है। सूचना के आधार पर पीसीबी की टीम ने निगरानी बढ़ाई और संदिग्ध वाहन को रोककर उसकी जांच शुरू की। जांच के दौरान सामने आया कि शराब को छिपाने के लिए बूटलेगरों ने बेहद शातिर तरीका अपनाया था।
‘स्किन केयर जेल’ के नाम पर तैयार की गई थी फर्जी बिल्टी
पुलिस से बचने के लिए वाहन में मौजूद माल के लिए ‘स्किन केयर जेल’ के नाम से कथित तौर पर फर्जी बिल्टियां तैयार की गई थीं। योजना यह थी कि दस्तावेज देखकर पुलिस या चेकपोस्ट पर तैनात कर्मचारियों को माल पर कोई संदेह न हो।
लेकिन राजकोट पीसीबी की टीम ने वाहन की बारीकी से जांच की। जब अंदर रखे बक्सों को खोला गया तो उसमें स्किन केयर जेल के बजाय महंगे ब्रांड की विदेशी शराब बरामद हुई।
इस तरह बूटलेगरों द्वारा शराब को कॉस्मेटिक उत्पाद के नाम पर गुजरात में पहुंचाने की कथित योजना पुलिस की कार्रवाई से विफल हो गई।
विदेशी शराब, वाहन और फर्जी दस्तावेज जब्त
पीसीबी टीम ने कार्रवाई के दौरान विदेशी शराब का पूरा जखीरा, शराब परिवहन में इस्तेमाल किया जा रहा वाहन और कथित फर्जी दस्तावेज समेत अन्य मुद्दामाल कब्जे में ले लिया है।
पुलिस ने मामले में कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है और अब पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
दिल्ली से माल किसने भेजा और जामनगर में किसे देना था?
जांच का सबसे अहम पहलू यह है कि दिल्ली से इतनी बड़ी मात्रा में विदेशी शराब किसने भेजी थी और जामनगर में यह माल किसे सप्लाई किया जाना था।
राजकोट पीसीबी अब वाहन से जुड़े लोगों, शराब के कथित सप्लायरों और स्थानीय बूटलेगरों के बीच कनेक्शन की जांच कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि गुजरात में शराब पहुंचाने के इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
पीसीबी की इस कार्रवाई के बाद अंतरराज्यीय शराब सप्लायरों और स्थानीय बूटलेगरों में हड़कंप मच गया है।

