पंजाब में कथित पेपर लीक मामले को लेकर दिल्ली में बीजेपी कार्यकर्ताओं ने आम आदमी पार्टी दफ्तर के बाहर प्रदर्शन किया है. शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं. वहीं मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस आरोप को खारिज करते हुए कहा कि यह परीक्षा फार्मेसी अधिकारी पद के लिए थी और इसे स्वास्थ्य विभाग ने करवाया था, न कि शिक्षा विभाग ने.
दिल्ली में बीजेपी कार्यकर्ताओं ने आम आदमी पार्टी के दफ्तर के बाहर प्रदर्शन किया है. यह प्रदर्शन पंजाब में हुए कथित पेपर लीक मामले को लेकर किया जा रहा है. बीजेपी कार्यकर्ता पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं. दूसरी ओर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने पहले ही विपक्ष की इस मांग को सिरे से खारिज कर दिया था.
बीजेपी कार्यकर्ताओं का कहना है कि पंजाब में हुई परीक्षा में पेपर लीक हुआ है और इसकी जिम्मेदारी लेते हुए शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस को अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए. इसी मांग को लेकर पार्टी ने दिल्ली में आम आदमी पार्टी के दफ्तर के बाहर धरना प्रदर्शन शुरू किया है.
वहीं मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस मामले पर सफाई देते हुए कहा कि जिस परीक्षा की बात की जा रही है वह फार्मेसी अधिकारी की परीक्षा थी. उन्होंने बताया कि यह परीक्षा शिक्षा विभाग ने नहीं बल्कि स्वास्थ्य विभाग ने आयोजित करवाई थी. मान ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री पहले ही यह साफ कर चुके हैं कि इसमें कोई पेपर लीक नहीं हुआ था.
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि यह सिर्फ नकल करने की एक कोशिश थी, जिसे तुरंत पकड़ लिया गया और रोक दिया गया. उन्होंने बताया कि इसके बाद परीक्षा सफलतापूर्वक पूरी करवाई गई. मान ने साफ शब्दों में कहा कि पंजाब में पेपर लीक हो ही नहीं सकता. उनके इस बयान से साफ है कि राज्य सरकार विपक्ष के आरोपों को पूरी तरह गलत बता रही है और शिक्षा मंत्री का इस्तीफा देने से इनकार कर रही है.
इस पूरे मामले को लेकर पंजाब की राजनीति गरमाई हुई है. एक तरफ बीजेपी लगातार दबाव बना रही है तो दूसरी तरफ सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी अपनी सरकार का बचाव कर रही है.

