जगन्नाथ मंदिर के ट्रस्टी ब्रजेश सिंह शनिवार को अस्सी चौराहे पहुंचे। पप्पू की अड़ी पर भाजपा के वरिष्ठ नेता और समर्थक उनके स्वागत के लिए मौजूद रहे। ब्रजेश सिंह पहले माफिया और माननीय के तौर पर चर्चा में रहे हैं।
जगननाथ मन्दिर ट्रस्टी ब्रजेश सिंह
अभिषेक कुमार झा, वाराणसी: माफिया से माननीय और अब जगन्नाथ मन्दिर के ट्रस्टी के तौर पर नए अवतार में आ चुके ब्रजेश सिंह अस्सी चौराहे पर पहुंचे। चौराहे पर स्थित प्रसिद्ध पप्पू की अड़ी पर भाजपा के वरिष्ठ नेता समेत कई लोग ब्रजेश सिंह के स्वागत में यहां मौजूद थे।
ऐसे सार्वजनिक जगह पर बिना किसी सुरक्षा ताम झाम के चाय के दुकान पर ब्रजेश सिंह को देख हर कोई हैरान था। स्थानीय लोगो ने ब्रजेश सिंह का फूल मालाओं से स्वागत किया। इस बीच ब्रजेश सिंह की शान में स्थानीय लोगो ने कसीदे भी पढ़े। ब्रजेश सिंह ने भी खुद के रघुवंशी होने की बात कह सबके सुख दुख में सदैव साथ देने की बात कही।
कुछ वर्षों में पूरी तरह से बदल लिया
एक समय खौफ का नाम रहे ब्रजेश सिंह ने खुद को बीते कुछ वर्षों में पूरी तरह से बदल लिया है। इसी क्रम में ब्रजेश सिंह की एंट्री 200 वर्ष पुराने जगन्नाथ मंदिर के ट्रस्टी के तौर पर हुई। आज ब्रजेश सिंह काशी की पहचान और और एक लैंडमार्क पप्पू की अड़ी पर पहुंचे। यंहा ब्रजेश सिंह का फूल मालाओं से स्वागत किया गया। ब्रजेश सिंह ने यहां मौजूद लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि वो रघुवंशी है और वचन देते है कि आपके सुख दुख में हमेशा साथ रहूंगा। राजनीति उनके लिए एक सेवा का अवसर है और वो लोगों की सेवा करना चाहते है।
स्थानीय लोगों से मिलने पहुंचे थे ब्रजेश सिंह
हर साल की तरह इस साल भी पुरी की तर्ज पर भगवान जगन्नाथ का रथयात्रा बनारस में भी निकलती है। 29 तारीख से 17 जुलाई तक रथयात्रा और मेले का आयोजन जगन्नाथ ट्रस्ट करता है। इसी ट्रस्ट के अध्यक्ष के तौर पर ब्रजेश सिंह आज अस्सी चौराहे पर स्थित पप्पू की चाय की दुकान पर पहुंचे थे। यहां उन्होंने स्थानीय प्रबुद्ध जनों से मुलाकात की। बिना किसी सुरक्षा ताम झाम के अस्सी चौराहे पर ब्रजेश सिंह के आने की खबर ने काशी में चर्चा का एक विषय दे दिया है।

