डंपर का पीछा कर उसे पकड़ने वाले युवक ने अपनी ही माँ का शव देखा! दूसरी ओर, नशे में धुत ड्राइवर ने 3 लोगों की जान ली।
वडोदरा शहर में दो अलग-अलग भयानक हादसे सामने आए हैं, जिन्होंने कानून-व्यवस्था और ट्रैफिक नियमों की धज्जियां उड़ा दी हैं। इन हादसों ने पूरे जिले को हिलाकर रख दिया है। एक तरफ, दिल दहला देने वाली हिट-एंड-रन घटना सामने आई है, जिसमें एक युवक ने दुर्घटना के बाद भाग रहे डंपर का पीछा किया, लेकिन जब उसने डंपर को पकड़कर घटनास्थल पर वापसी की, तो पता चला कि डंपर के नीचे कुचली गई महिला कोई और नहीं, बल्कि उसकी अपनी माँ थी! वहीं दूसरी घटना में, देर रात सड़क पर नशे में धुत ड्राइवर ने कोहराम मचाते हुए तीन लोगों की जान ले ली।
महानगर मेट्रो न्यूज़’ की यह दिल दहला देने वाली ग्राउंड रिपोर्ट…
घटना 1: ‘जिस डंपर को मैंने पकड़ा, उसने मेरी माँ की जान ले ली…’
वडोदरा में हुई यह घटना किसी भी पत्थर दिल इंसान की आँखों में आँसू लाने के लिए काफी है। सड़क से गुजर रही एक महिला को तेज रफ्तार काले डंपर ने टक्कर मारी और कुचल दिया। दुर्घटना को अंजाम देने के बाद डंपर ड्राइवर गाड़ी लेकर भागने लगा।
यह मंजर देखकर, वहाँ से गुजर रहे एक अनजान युवक ने इंसानियत और दोषी को पकड़ने के इरादे से फिल्मी अंदाज में बाइक से उसका पीछा किया। युवक ने हिम्मत दिखाई और सड़क पर डंपर ड्राइवर को रोककर उसे पकड़ लिया और घटनास्थल पर वापस ले आया। लेकिन जैसे ही युवक दुर्घटना स्थल पर पहुँचा और खून से लथपथ शव को देखा, उसके पैरों तले ज़मीन खिसक गई! डंपर के नीचे कुचली गई महिला कोई और नहीं, बल्कि उसी युवक की सगी माँ थी। इस त्रासदी को देखकर वहाँ मौजूद सभी लोगों की आँखें नम हो गईं।
घटना 2: नशे में धुत कार ड्राइवर का कहर, 3 लोगों को रौंदा
वडोदरा में ही हुई एक अन्य घटना में, एक कार ड्राइवर ने नशे में धुत होकर स्टीयरिंग पर से अपना नियंत्रण खो दिया, मानो उसे कानून का कोई डर ही न हो। नशे में धुत कार ड्राइवर ने सड़क पर चल रहे 3 बेकसूर लोगों को टक्कर मारी और उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया। हादसा इतना भयानक था कि आस-पास के लोग तुरंत दौड़े और कार ड्राइवर को पकड़ लिया। जांच में पता चला कि कार ड्राइवर इतना नशे में था कि उसे अपनी भी सुध-बुध नहीं थी। पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर लिया है और नशे में धुत उस व्यक्ति को हिरासत में ले लिया है।
महानगर मेट्रो न्यूज़ ओपिनियन:
वडोदरा की ये दो घटनाएं इस बात का सबूत हैं कि शहर में भारी वाहनों के ड्राइवरों और नशे के आदी लोगों को पुलिस या कानून का कोई डर नहीं है। अपनी मां को बचाने के लिए अनजाने में डंपर के पीछे भागे एक बेटे की यह दुखद कहानी सिस्टम के मुंह पर एक तमाचा है। ऐसे लापरवाह डंपर ड्राइवरों और नशे में गाड़ी चलाने वालों के खिलाफ सिर्फ़ हादसे का ही नहीं, बल्कि ‘हत्या’ का भी केस दर्ज किया जाना चाहिए। अगर ऐसे लोगों को कड़ी सज़ा नहीं दी गई, तो हर दिन किसी न किसी का बेटा अनाथ होता रहेगा!

