विशेष प्रतिनिधि, महानगर मेट्रो : हैदराबाद / नई दिल्ली : तेलंगाना के मुख्यमंत्री अनुमुला रेवंत रेड्डी ने कांग्रेस की राष्ट्रीय राजनीति और अपने स्वयं के राजनीतिक भविष्य को लेकर एक बहुत बड़ा बयान दिया है। मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी को देश के प्रधानमंत्री पद के लिए सबसे मजबूत दावेदार बताते हुए अपने लंबे राजनीतिक विजन को जनता के सामने रखा है। रेवंत रेड्डी के इस बयान के बाद देश के राजनीतिक गलियारों में एक नई बहस छिड़ गई है।
एक विशेष बातचीत के दौरान तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने खुलकर कहा कि राहुल गांधी को भारत का प्रधानमंत्री बनाना ही उनका सबसे मुख्य लक्ष्य है। इसके साथ ही उन्होंने राज्य की राजनीति पर अपनी मजबूत पकड़ का दावा करते हुए कहा कि वे वर्ष 2034 तक तेलंगाना के मुख्यमंत्री पद पर बने रहेंगे। रेवंत रेड्डी का यह आत्मविश्वास दर्शाता है कि वे न केवल राज्य में बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी कांग्रेस पार्टी को एक नई दिशा देने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
फिलहाल कांग्रेस पार्टी राष्ट्रीय स्तर पर अपने संगठन को लगातार मजबूत करने और विपक्षी एकता की रणनीति पर तेजी से काम कर रही है। ऐसे माहौल में तेलंगाना में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद से ही रेवंत रेड्डी दक्षिण भारत की राजनीति में एक बेहद अहम भूमिका निभा रहे हैं। उनके इस होनहार नेतृत्व और ताजा बयान को आने वाले आम चुनाव तथा कांग्रेस की राष्ट्रीय रणनीति के संदर्भ में बेहद महत्वपूर्ण और दूरगामी माना जा रहा है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि रेवंत रेड्डी ने एक तीर से दो निशाने साधे हैं। एक तरफ जहाँ उन्होंने राहुल गांधी के प्रति अपनी अटूट निष्ठा जाहिर करके केंद्रीय नेतृत्व में अपना कद और मजबूत कर लिया है, वहीं दूसरी तरफ 2034 तक मुख्यमंत्री रहने की बात कहकर उन्होंने राज्य के भीतर अपने विरोधियों को भी एक कड़ा संदेश दे दिया है। अब देखना यह होगा कि रेवंत रेड्डी का यह लंबा राजनीतिक विजन कांग्रेस की राष्ट्रीय किस्मत को कितना बदल पाता है।

