इंदौर पुलिस ने कमल कुमावत की हत्या का 48 घंटे में खुलासा कर दिया है। साथ ही आरोपी चेतन कुमावत को गिरफ्तार कर लिया है। भतीजे ने ही अपने चाचा की हत्या की थी।
हाइलाइट्स
इंदौर कमल कुमावत हत्या केस का खुलासा
भतीजे चेतन कुमावत ने की थी हत्या
पुलिस ने आरोपी को 48 घंटे में किया गिरफ्तार
हत्या के बाद पड़ोसी की दीवार पर लगाया था खून
आरोपी चेतन कुमावत और मृतक कमल कुमावत
इंदौर: राजनगर क्षेत्र में हुए कमल कुमावत हत्याकांड का पुलिस ने 48 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने मृतक के 19 वर्षीय भतीजे चेतन कुमावत को गिरफ्तार किया है। शुरुआती जांच में मामला सामान्य हत्या का लग रहा था लेकिन पुलिस की पूछताछ और सबूतों के आधार पर पूरा मामला सामने आ गया। आरोपी ने पुलिस को गुमराह करने के लिए ऐसी साजिश रची कि शुरुआत में शक किसी और दिशा में जाए लेकिन उसकी योजना ज्यादा देर तक नहीं चल सकी।
घर में हुई थी कमल कुमावत की हत्या
इंदौर पुलिस के मुताबिक 50 वर्षीय कमल कुमावत की हत्या रविवार देर रात उनके ही घर में की गई थी। जांच के दौरान परिवार के लोगों और आसपास के लोगों से पूछताछ की गई। इसी बीच मृतक के भतीजे चेतन कुमावत से भी पुलिस ने सवाल किए। पूछताछ के दौरान उसके जवाब बार-बार बदल रहे थे जिससे पुलिस को उस पर शक हुआ। बाद में सख्ती से पूछताछ करने पर उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
पूरा परिवार रहता था साथ
आरोपी ने पुलिस को बताया कि कुछ महीने पहले तक पूरा परिवार एक साथ रहता था। परिवार के बंटवारे के बाद ताऊ और उसके बीच रिश्ते खराब हो गए थे। इसी दौरान उसे ब्राउन शुगर की लत लग गई। नशे की वजह से उस पर कर्ज भी हो गया था। कर्ज चुकाने और नशे के लिए उसने कई बार अपने ताऊ से पैसे मांगे लेकिन हर बार उसे मना कर दिया गया। इसी बात को लेकर उसके मन में गुस्सा बढ़ता गया।
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वारदात वाली रात आरोपी ने पहले सभी के सोने का इंतजार किया। रात करीब ढाई बजे वह रसोई में गया और वहां से चाकू उठाकर ताऊ के कमरे में पहुंचा। उस समय कमल कुमावत गहरी नींद में थे। आरोपी ने उन पर वार किया और मौत हो गई। सुनील कुमार मेहता, डीसीपी
चाबी ढूंढने के लिए टटोली ताऊ की जेब
हत्या के बाद चेतन ने अलमारी की चाबी ढूंढने के लिए ताऊ की पैंट की जेब टटोली। उसे उम्मीद थी कि घर में नकदी मिलेगी लेकिन काफी तलाश के बाद भी पैसे नहीं मिले। उसने जानबूझकर घर में रखे जेवर और अन्य कीमती सामान को हाथ नहीं लगाया ताकि मामला चोरी का न लगे और उस पर शक न हो।
पड़ोसी के दीवार पर लगा दिए खून से सने हाथ
इसके बाद आरोपी ने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की। उसने अपने खून से सने हाथ पड़ोसी की दीवार पर लगा दिए ताकि ऐसा लगे कि हत्या करने वाला व्यक्ति पड़ोसी के घर की तरफ भागा है। वारदात के बाद उसने अपने खून से सने कपड़े फेंक दिए, हाथ-पैर साफ किए और फिर सामान्य तरीके से जाकर सो गया।
हत्या के बाद काम पर गया
सुबह होने पर वह रोज की तरह काम पर भी चला गया। हालांकि हाथ में चोट होने के कारण उसे वापस घर भेज दिया गया। घर लौटने के बाद उसने ताऊ के कमरे में जाकर जोर-जोर से शोर मचाना शुरू कर दिया। उसकी आवाज सुनकर परिवार के लोग और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। सभी ने मिलकर कमल कुमावत को जिला अस्पताल पहुंचाया जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने शुरू कर दी जांच
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मर्ग कायम कर जांच शुरू की। घटनास्थल से मिले सबूत, पूछताछ और तकनीकी जांच के आधार पर पुलिस ने पूरे मामले का खुलासा करते हुए आरोपी भतीजे को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने हत्या की पूरी कहानी पुलिस को बता दी। फिलहाल पुलिस आरोपी से आगे की पूछताछ कर रही है।

