नडियाद/खेड़ा : गुजरात के खेड़ा जिले में कानून-व्यवस्था की धज्जियां उड़ाने वाला एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने स्थानीय पुलिस प्रशासन को पूरी तरह बेनकाब कर दिया है। नडियाद पश्चिम पुलिस स्टेशन के ठीक सामने, पुलिस की नाक के नीचे धड़ल्ले से चल रहे विदेशी शराब के एक बड़े अड्डे पर स्टेट मॉनिटरिंग सेल (SMC) की टीम ने देर रात गुप्त छापेमारी कर पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया। ‘महानगर मेट्रो’ द्वारा इस अवैध काले कारोबार के खिलाफ पुख्ता सबूतों के साथ SMC को लिखित शिकायत दी गई थी, जिसके बाद गांधीनगर की टीम ने यह बड़ी कार्रवाई की है।
थाने के सामने जाम से जाम टकरा रहे थे नवाब! ३ आरोपी गिरफ्तार, इकबाल पठान का माल जब्त
SMC की इस औचक छापेमारी के दौरान मौके से शराब की महफिल सजाए बैठे तीन आरोपियों को रंगे हाथों दबोचा गया है। नडियाद के कुख्यात और मोस्ट वांटेड बुटलेगर इकबाल पठान की १,५२,૫૪૩ रुपये की विदेशी शराब का जत्था जब्त किया गया है। अब सबसे बड़ा और गंभीर सवाल यह उठता है कि जिस शराब को पकड़ने के लिए गांधीनगर से स्पेशल फोर्स बुलानी पड़ती है, वह स्थानीय नडियाद पुलिस को अपने थाने के ठीक सामने बिकती हुई क्यों नहीं दिख रही थी? क्या खाकी खुद इन बूटलेगरों की पहरेदार बनी बैठी है?
खेड़ा LCB और भ्रष्ट अधिकारियों का करोड़ों का खेल? कप्तान साहब ने क्यों मूंद रखी हैं आंखें?
इस पूरे सिंडिकेट के तार खेड़ा लोकल क्राइम ब्रांच (LCB) से जुड़े होने के बेहद गंभीर आरोप लगे हैं। सूत्रों के मुताबिक, खेड़ा LCB के पी.आई. केवल और उनके खास ‘वहीवटदार’ (लेनदेन संभालने वाले) जयेश रबारी के आशीर्वाद के बिना जिले में परिंदा भी पर नहीं मार सकता। आरोप है कि यह जोड़ी शराब माफियाओं और जुए के अड्डों से हर महीने लाखों रुपये का हफ्ता वसूल कर इन अवैध धंधों को खुली छूट दे रही है। हद तो यह है कि खेड़ा जिले के एस.पी. (SP) भी पूरे जिले में धधक रही अवैध भट्ठियों और जुए के अड्डों की तरफ से आंखें बंद किए बैठे हैं, जिससे साफ है कि भ्रष्टाचार की यह गंगा ऊपर तक बह रही है।
सबसे बड़ा धमाका: जिस जिले में कानून का राज कायम रखने की जिम्मेदारी LCB और जिला पुलिस कप्तान की है, वहां ‘महानगर मेट्रो’ को जनता के हित में आगे आकर गांधीनगर की एजेंसी को जगाना पड़ा और कार्रवाई करानी पड़ी!
‘महानगर मेट्रो’ के तीखे सवाल:
पुलिस थाने के ठीक सामने शराब बेचने की हिम्मत बूटलेगर इकबाल पठान में कहां से आई? उसे किस बड़े सफेदपोश का वरदहस्त प्राप्त है?
महीने का लाखों रुपये का ‘वहीवट’ करने वाले LCB पी.आई. केवल और उनके गुर्गे जयेश रबारी के खिलाफ गृह विभाग कब सख्त एक्शन लेगा?
पूरे खेड़ा जिले को नशे और जुए का गढ़ बना देने वाले इन भ्रष्ट अधिकारियों को तत्काल सस्पेंड कर सलाखों के पीछे कब भेजा जाएगा?
‘महानगर मेट्रो’ के इस बड़े खुलासे के बाद अब देखना यह होगा कि गांधीनगर में बैठे आला अधिकारी इस हफ्ताखोर तंत्र पर नकेल कसते हैं या फिर इस मामले को हमेशा की तरह ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा। हम जनता के हक और नशामुक्त गुजरात के संकल्प के लिए ऐसे भ्रष्ट चेहरों को बेनकाब करना जारी रखेंगे।

