उद्धव ठाकरे की अगुवाई वाली शिवसेना यूबीटी के नेता संजय राउत ने पीएम मोदी की तुलना औरंगजेब से की है। उन्होंने पश्चिम बंगाल में टीएमसी के टूटने की चर्चाओं और 4000 ईवीएम जलने का मुद्दा उठाते हुए पीएम मोदी पर निजी टिप्पणी की। राउत ने इसके बाद औरंगजेब अटैक किया।
मुंबई: महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे की अगुवाई वाली शिवसेना यूबीटी के नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने पीएम नरेंद्र मोदी की तुलना औरंगजेब से की है। पुणे में पश्चिम बंगाल में टीएमसी में बगावत और वहां 4000 ईवीएम जलने पर बोलते हुए संजय राउत ने विवादित बयान दिया। संजय राउत ने जवाहर लाल नेहरू से लेकर पीवी नरसिम्हा राव का जिक्र करते हुए कहा है कि भारतीय राजनीति में ऐसा ‘अघोरी’ व्यक्ति कभी पैदा नहीं हुआ। इतना क्रूर व्यक्ति कभी पैदा नहीं हुआ। राउत के हमले पर शिवसेना और बीजेपी ने पलटवार किया और कहा है कि वह अपना मानसिक संतुलन खो बैठे हैं। उन्हें डॉक्टर को दिखाना चाहिए।
संजय राउत की विवादित टिप्पणी
संजय राउत ने कहा कि इसी मिट्टी से पंडित जवाहरलाल नेहरू, इंदिरा गांधी, लाल बहादुर शास्त्री, पी.वी. नरसिम्हा राव, राजीव गांधी, बाबासाहेब अंबेडकर, बालासाहेब ठाकरे जैसे महान नेता पैदा हुए। लेकिन जब हम मोदी जी के पूरे व्यक्तित्व को देखते हैं, तो हमें डर लगता है। वे कहां से आए हैं? वे उसी मिट्टी से आए हैं जहां से औरंगजेब पैदा हुआ था। औरंगजेब गुजरात में ही पैदा हुआ था, है ना? एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली शिवसेना की नेता शाइना एनसी ने राउत की टिप्पणी पर कहा है कि उन्हें काउंसलिंग की जरूरत है।
जब तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह सत्ता में रहेंगे, तब तक यह स्थिति बनी रहेगी। देश की मौजूदा हालत देखिए। आप TMC से सांसदों को तोड़ रहे हैं, फिर शिवसेना को तोड़ने की बात करते हैं, और फिर NCP को। आप और कितनी पार्टियां तोड़ेंगे? क्या आपके पास करने के लिए कोई और काम नहीं है?
संजय राउत, शिवसेना यूबीटी सांसद
बंगाल में कैसे जलकर खाक हुई 4000 ईवीएम
संजय राउत ने पश्चिम बंगाल के कोलकाता के अलीपुर करीब 4,000 ईवीएम जलकर खाक होने पर भी निशाना साधा है। राउत ने कहा कि मेरा मानना है कि यह जानबूझकर किया गया था। बीजेपी सरकार ने चुनावों के बाद कोलकाता में जानबूझकर 4,000 ईवीएम कि टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी चुनाव नहीं हार सकती थीं। राउत ने कहा कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में इस्तेमाल की गई 4,000 ईवीएम पर छेड़छाड़ का शक था। वे एक सरकारी इमारत में जलकर राख हो गईं। एक साथ 4,000 ईवीएम कैसे जल सकती हैं? मेरा कहना है कि वे जली नहीं थीं, बल्कि उनमें आग लगाई गई थी। बीजेपी सरकार ने ही उनमें आग लगाई थी। आज देश में यह सबसे गंभीर मुद्दा है।
पहले तो बहुत तारीफ करते थे: कायंदे
संजय राउत की ‘अघोरी’ वाली टिप्पणी पर शिवसेना की एममएसी और प्रवक्ता मनीषा कायंदे ने पूछा है कि क्या संजय राउत का कोई डॉक्टर है? क्या उन्हें स्किजोफ्रेनिया हो गया है? मैं यह इसलिए पूछ रही हूं क्योंकि मुझे शक है कि कहीं वे इस बीमारी से तो नहीं जूझ रहे हैं। पहले वे PM मोदी की बहुत तारीफ़ करते थे, और अब दो साल बाद वे उन्हें बुरा-भला कह रहे हैं। तो इस विरोधाभास का क्या मतलब है? इस संदर्भ में ‘अघोरी’ का क्या मतलब है? उन्हें पहले यह साफ करना चाहिए। एक दिन किसी व्यक्ति की बहुत तारीफ करना और अगले ही दिन उसका अपमान करना—इस तरह के व्यवहार से सवाल उठते हैं। मुझे लगता है कि संजय राउत का मानसिक संतुलन बिगड़ गया है।

