हेमंत वर्मा एक्सक्लूसिव पड़ताल राजनांदगांव : कहते हैं राजनीति में सब कुछ जायज होता है और देश में यह बात भी प्रचलित है कि झूठ बोलने और चोरी करने की नीति उसे कहते हैं भारत देश में राजनीति दरअसल बुधवार को डोंगरगांव ब्लॉक के कोपेडीह आलीखुंटा आरगांव मार्ग के जर्जर होने पर स्थानीय ग्रामीण जन क्षेत्रीय विधायक दलेश्वर साहू के निवास स्थल पर पहुंचे काफी हो हल्ला हुआ ग्रामीण लगातार मांग कर रहे थे कि सड़क को तत्काल बनाई जाए तब दलेश्वर साहू क्षेत्रीय विधायक ने अति आत्मविश्वास में कहा अगर 1 महीने के अंदर सड़क नहीं बनी मेरे नाम से कुत्ता पाल लेना और यह बयान सोशल मीडिया पर काफी चर्चा में आ गया है
दरअसल यह डायलॉग एक ऐसा रामबाण है कि जिसे बोलने से लोग नेताओं की चिकनी चुपड़ी बातों में आ जाते हैं सवाल बेहद गंभीर है जिस सड़क के लिए एक वर्ष पूर्व चक्का जाम किया गया था जिस सड़क को लेकर अधिकारियों ने आश्वासन दिया था कि बहुत जल्दी सड़क का निर्माण कर दिया जाएगा वह सड़क आज तक अधूरी है और क्षेत्रीय विधायक दलेश्वर साहू बोलते हैं कि एक महीने के अंदर इस सड़क को बना देंगे ऐसा कौन सा उसके पास जादू की छड़ी है वह एक महीने के अंदर सड़क का निर्माण करवा देंगे जिस सड़क को बजट में पास किया जा चुका है प्रशासिक स्वीकृति अभी तक नहीं मिली है उस सड़क को क्षेत्रीय विधायक कैसे और किस तरीके से बनाएंगे सोचने वाली बात है कहते हैं गधे की लात पर और राजनेताओं की बात पर कभी विश्वास नहीं करना चाहिए यह महज एक सुर्खियां प्राप्त करने का एक उपक्रम हो सकता है लेकिन सच्चाई बिल्कुल इसके उलट है जो सड़क साल भर बाद बजट में स्वीकृति के बाद भी नहीं बन पाई वह एक महीने में कैसे बन सकती है पाठकों को याद होगा कि 2023 विधानसभा चुनाव की बात छत्तीसगढ़ के तत्कालीन केबिनेट मंत्री अमरजीत भगत सिंह ने कहा था कि अगर कांग्रेस की सरकार नहीं बनी तो वह मूंछ उड़ा देंगे कांग्रेस की सरकार नहीं बनी अलबत्ता उन्होंने मूंछ भी नहीं उड़ाया तब इस बात को हमने लगातार अपने समाचार पत्रों के माध्यम से प्रकाशित किया
तब मंत्री जी का बयान आया कि उन्होंने अति आत्मविश्वास में यह बात बोली थी कुछ है ऐसा ही मामला डोंगरगांव के विधायक दलेश्वर साहू का है कॉन्फिडेंस पर उन्होंने अपनी ही जगहंसाई कर लिया कि अगर सड़क नहीं बनी तो मेरे नाम से कुत्ता पाल लेना है हेमंत वर्मा की कलम से

