अहमदाबाद/राजकोट (ब्यूरो रिपोर्ट)
आजकल गुजरात में घोटालों और विवादों की एक नई लहर चल पड़ी है। कभी अशोक खरात जैसे बड़े नाम, तो कभी पवित्र साधु-संतों के वेश में छिपे पाखंडियों का पर्दाफाश। अभी शिक्षक और विद्यार्थी के पवित्र रिश्ते पर लगे कलंक की स्याही सूखी भी नहीं थी कि बाज़ार में एक ‘नया कांड’ गूंज उठा है। इस बार शिकार बना है फेसबुक के झांसे में फंसा एक ‘प्रेमी जोड़ा’।
लाइक और कमेंट से शुरू हुई ‘लव स्टोरी’
डिजिटल युग में प्यार अब हवेलियों की गलियों में नहीं, बल्कि फेसबुक मैसेंजर पर पनपता है। सूत्रों के मुताबिक, इस मामले में भी एक अनजान युवक-युवती के बीच फेसबुक पर फ्रेंड रिक्वेस्ट से शुरुआत हुई थी। तस्वीरों पर लाइक्स और कमेंट्स का सिलसिला धीरे-धीरे वॉट्सऐप कॉलिंग तक पहुंच गया। अंधे प्यार में पड़े इन प्रेमियों को इस बात का अंदाज़ा नहीं रहा कि स्क्रीन के पीछे दिखने वाला चेहरा हकीकत में कुछ और हो सकता है।
प्यार का नशा उतरा और ‘कांड’ शुरू हुआ
जब दोनों पहली बार मिले, तो मामला गर्म हो गया। प्यार की बड़ी-बड़ी बातें करने वाला शख्स जब अपने असली रूप में सामने आया, तो ब्लैकमेलिंग, धोखाधड़ी और पैसों के लेनदेन के गंभीर आरोप लगे। कहा जा रहा है कि इस मामले में अब पुलिस में शिकायत दर्ज कराने की नौबत आ गई है, क्योंकि ‘फेसबुकिया प्रेमी’ ने युवती की निजी तस्वीरें खींचकर उन्हें वायरल करने की धमकी दी और बड़ी रकम की मांग की।
समाज के लिए ख़तरे की घंटी
महानगर मेट्रो के पाठकों के लिए यह मामला एक चेतावनी है। तकनीक के फायदे हैं तो इसके पीछे ऐसे घातक ख़तरे भी छिपे हैं:
- अनजानों से दोस्ती: फेसबुक पर किसी अनजान व्यक्ति की प्रोफ़ाइल की जांच किए बिना दोस्ती न करें।
- निजी जानकारी: प्यार में अंधे होकर अपनी निजी तस्वीरें या बैंक विवरण कभी शेयर न करें।
- परिवार का ध्यान: बच्चों का ध्यान रखना ज़रूरी है कि वे सोशल मीडिया पर किससे बात करते हैं।
‘महानगर मेट्रो’ का सवाल: कहां जाकर रुकेगा यह सिलसिला?
चाहे अशोक खरात हो या यह प्रेमी जोड़ा, हर कांड में एक बात समान है – ‘भरोसा और लालच’। क्या आज की पीढ़ी सोशल मीडिया की आभासी दुनिया को ही सच मान बैठी है? इस कांड में अभी और भी कई बड़े खुलासे होने की संभावना है, जिसकी पल-पल की जानकारी ‘महानगर मेट्रो’ आप तक पहुंचाता रहेगा।

