एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है जिसने कल्चरल सिटी वडोदरा को बदनाम किया है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में एक महिला ने दावा किया है कि वडोदरा के कई पॉश और भीड़भाड़ वाले इलाकों में MD ड्रग्स, चरस, गांजा, कोकीन, LSD और HTC जैसी नशीली गोलियों का खुलेआम धंधा हो रहा है। महिला ने संदिग्ध लोगों की खास लोकेशन और नाम बताते हुए पुलिस और सिस्टम पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
स्थानीय सबूतों के साथ दावा करने वाले इस वीडियो ने शहर के लोगों और खासकर माता-पिता में बहुत चिंता और घबराहट पैदा कर दी है।
पॉइंट बाय पॉइंट: वायरल वीडियो में हुए चौंकाने वाले खुलासे
निज़ामपुरा: वीडियो में आरोप है कि ‘नियाज़’ नाम का एक आदमी पेट्रोल पंप के पास चरस और गांजा बेच रहा है।
नवायार्ड: दावा है कि ‘पठान’ नाम का एक आदमी खटकीवाड़ के पास चिश्तिया होटल के पास MD ड्रग्स का नेटवर्क चला रहा है। रामवाड़ी और आशापुरी: बता दें कि गार्डन के पास ‘चावड़ा’ नाम का आदमी और अमन नगर में ‘पटिया’ नाम का आदमी गांजा बेचने में शामिल हैं।
फतेगंज ड्रग्स का हब बन गया है: फतेगंज की गलियों, कैफे और चाय की दुकानों पर नशा आसानी से मिल जाता है। एक महिला ने दावा किया है कि लक्ष्य कॉम्प्लेक्स के एक कैफे में MD ड्रग्स बेची जा रही हैं और जयका होटल वाली गली में एक चाय की दुकान के पास हर तरह के ड्रग्स बेचे जा रहे हैं।
गुजरात का ज्वलंत सवाल: क्या वडोदरा एक कल्चरल सिटी बनेगा?
अगर युवाओं को बर्बाद करने वाली ये ज़हरीली गतिविधियां शहर की नाक के नीचे चल रही हैं, तो खाखी वर्दी के सामने कई सवाल उठते हैं:
अगर कोई महिला खास नाम और जगहें बता सकती है, तो लोकल पुलिस या नारकोटिक्स कंट्रोल डिपार्टमेंट को इस नेटवर्क के बारे में पता क्यों नहीं है?
उन असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई कब होगी जो कैफे और चाय की दुकानों को अड्डा बनाकर युवाओं को ड्रग्स के दलदल में धकेल रहे हैं? शहर के जागरूक नागरिक और गुजरात के पक्के इरादे वाले लोग मांग करते हैं कि पुलिस कमिश्नर और बड़ी एजेंसियां इस वायरल वीडियो पर गंभीरता से ध्यान दें, मौके पर जाकर जांच करें और इस पैरेलल ड्रग्स के धंधे को जड़ से उखाड़ फेंकें।

