नई दिल्ली/अहमदाबाद: देश में महंगाई और ऊर्जा संकट के मुद्दे पर विपक्ष ने एक बार फिर केंद्र की मोदी सरकार को आड़े हाथों लिया है। कांग्रेस के दिग्गज नेता और राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन खेड़ा ने एक विवादास्पद और गंभीर बयान देते हुए कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश नीति और ‘कायरता’ के कारण आज भारत ऊर्जा क्षेत्र में बर्बादी की कगार पर है।
85% गैस सप्लाई ठप होने का दावा
पवन खेड़ा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में गंभीर आरोप लगाते हुए कहा, “जिस मार्ग से भारत अपनी जरूरत का 85% गैस आयात करता था, वह मार्ग पूरी तरह से काट दिया गया है। सरकार की विफलता के कारण सप्लाई लाइन बाधित हुई है, जिसका सीधा असर आने वाले दिनों में देश की रसोई और उद्योगों पर पड़ेगा।”
खेड़ा द्वारा उठाए गए मुख्य बिंदु:
- रणनीतिक विफलता: सरकार की कमजोर नीतियों के कारण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत के हित खतरे में पड़ गए हैं।
- आर्थिक संकट की चेतावनी: गैस सप्लाई रुकने से महंगाई आसमान छुएगी और देश आर्थिक संकट में धकेल दिया जाएगा।
- सरकार पर निशाना: पवन खेड़ा ने ‘कायरता’ शब्द का प्रयोग कर प्रधानमंत्री की मजबूत नेता की छवि पर सवाल उठाए हैं।
“नेंद्र मोदी की कायरता ने पूरे देश को संकट में डाल दिया है। यह कोई सामान्य गलती नहीं है, यह देश की सुरक्षा और अर्थव्यवस्था के साथ किया गया खिलवाड़ है।” — पवन खेड़ा
गुजरात पर क्या असर पड़ेगा?
चूंकि गुजरात एक औद्योगिक राज्य है और यहाँ CNG व PNG की खपत सबसे अधिक है, इसलिए यदि पवन खेड़ा का यह दावा सही साबित होता है, तो राज्य के लाखों वाहन चालकों और गृहणियों का बजट बिगड़ सकता है।
पक्का गुजरात न्यूज़ डेस्क: इस बयान के बाद अब देखना यह होगा कि भाजपा ‘85% गैस सप्लाई’ के इस दावे पर क्या पलटवार करती है। क्या वाकई देश ऊर्जा संकट की ओर बढ़ रहा है या यह केवल चुनावी बयानबाजी है?

