भोपाल मेट्रो की ऑरेंज लाइन का काम तेज हो गया है और दूसरी टीबीएम मशीन ने भी खुदाई शुरू कर दी है। लेकिन इस विकास के बीच हमीदिया रोड पर भारी जलभराव का खतरा मंडराने लगा है।
जमीन के नीचे मेट्रो का काम, ऊपर हमीदिया रोड पर पानी भरने का खतरा
भोपाल: राजधानी में मेट्रो रेल प्रोजेक्ट के तहत ऑरेंज लाइन स्टेशन पर भूमिगत सुरंग का काम तेज हो गया है। इस हफ्ते दूसरी टनल बोरिंग मशीन ने भी पुल बोगदा की तरफ खुदाई का काम शुरू कर दिया है। जहां पहली टीबीएम अब तक 94.5 मीटर का सफर तय कर चुकी है, वहीं दूसरी मशीन भी लगभग 20 मीटर आगे बढ़ चुकी है। हालांकि, जमीन के नीचे हो रहे इस विकास ने जमीन के ऊपर रहने वाले व्यापारियों और राहगीरों की चिंता बढ़ा दी है।
अधूरे काम से जलभराव का बड़ा खतरा
टनलिंग जोन से करीब 30 मीटर ऊपर हमीदिया रोड और अल्पाना तिराहे पर इस मानसून में भारी जलभराव का संकट मंडरा रहा है। दरअसल, टनलिंग एरिया के ऊपर की मिट्टी अभी पूरी तरह जमी नहीं है और ड्रेनेज डायवर्जन का काम भी अधूरा है। इंजीनियरों ने चेतावनी दी है कि अगर तेज बारिश होती है, तो रेलवे ट्रैक के आसपास के हिस्सों में पानी जमा हो सकता है। स्थानीय निवासियों के मुताबिक, वर्तमान में मामूली बारिश का पानी निकलने में भी दो से तीन घंटे का समय लग रहा है।
एजेंसियों में खींचतान, जनता परेशान
पिछले साल हमीदिया रोड पर आई बाढ़ के बाद भोपाल नगर निगम ने पानी मोड़ने के लिए 3 इंच के दो पंप और 20 अंडरग्राउंड पाइप डाले थे। इसके बावजूद रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर छह की तरफ जाने वाले इस मुख्य रास्ते पर घुटनों तक पानी जमा रहा। इस पूरे मामले पर मध्य प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के अधिकारियों का कहना है कि सतह पर होने वाले जलभराव से उनका कोई लेना-देना नहीं है, यह बीएमसी और पीडब्ल्यूडी का काम है। दूसरी तरफ, बीएमसी का दावा है कि वे पंपों के साथ तैयार हैं, जबकि पीडब्ल्यूडी ने इस पर कोई जवाब नहीं दिया है।

