अहमदाबाद। शहर के पूर्वी इलाके के व्यस्त ठक्करनगर क्षेत्र में दिनदहाड़े युवक की चाकू मारकर हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। ठक्करनगर पानी की टंकी के सामने वाली गली में दिलीप नामक युवक पर धारदार हथियार से कथित रूप से कई वार किए गए, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
सबसे गंभीर बात यह है कि वारदात स्थानीय पुलिस चौकी से महज करीब 300 मीटर की दूरी पर हुई। दिनदहाड़े हुई इस हत्या के बाद इलाके में दहशत और तनाव का माहौल बताया जा रहा है।
परिवार का आरोप—पैरोल या जमानत पर बाहर आए लोगों ने दी थी धमकी
मृतक दिलीप के परिवार ने आरोप लगाया है कि उसी इलाके में रहने वाले दो लोग, जो हाल ही में जेल से पैरोल या जमानत पर बाहर आए थे, कथित तौर पर उसे लगातार धमकियां दे रहे थे।
परिवार के मुताबिक, आज दोनों लोगों ने दिलीप को रास्ते में रोक लिया और उसके साथ विवाद के बाद धारदार चाकू से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल दिलीप सड़क पर गिर पड़ा और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
हालांकि, आरोपियों द्वारा हत्या किए जाने और पहले धमकी देने संबंधी परिवार के आरोपों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस चौकी के पास हत्या से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
पुलिस चौकी से महज 300 मीटर की दूरी पर दिनदहाड़े हुई हत्या ने क्षेत्र की कानून-व्यवस्था और पुलिस गश्त को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
स्थानीय लोगों और मृतक के परिजनों की ओर से सवाल उठाया जा रहा है कि जेल से पैरोल या जमानत पर बाहर आने वाले लोगों की निगरानी किस तरह की जा रही थी और क्या पुलिस को उनके आपराधिक रिकॉर्ड तथा गतिविधियों की जानकारी थी?
घटना के बाद लोगों ने क्षेत्र में पुलिस गश्त बढ़ाने और आपराधिक प्रवृत्ति वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें गठित
वारदात की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटाए।
परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों और बताए गए नामों के आधार पर पुलिस ने कथित तौर पर फरार दोनों संदिग्धों की तलाश शुरू कर दी है। आरोपियों को पकड़ने के लिए अलग-अलग पुलिस टीमों को लगाया गया है।
पुलिस अब हत्या के पीछे की वास्तविक वजह, आरोपियों की भूमिका और घटना से पहले हुए विवाद सहित सभी पहलुओं की जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही हत्या के पूरे घटनाक्रम और आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी।

