सीएम ने दी बधाई, कहा—”बेटियां होती हैं गौरव”; इंटरनेशनल कोच कालवा राजेश्वर राव और राधा राव की देखरेख में निखरी प्रतिभा!
राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) : छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव की माटी ने एक बार फिर खेल जगत में वैश्विक स्तर पर अपना परचम लहराया है। सहदेव नगर निवासी नारायण झा की होनहार सुपुत्री काम्या झा का चयन भारतीय स्कूल बास्केटबॉल टीम में हुआ है, जो सर्बिया के ज्लातिबोर में 13 से 22 जून 2026 तक आयोजित ‘विश्व स्कूल बास्केटबॉल प्रतियोगिता’ में भारत का प्रतिनिधित्व कर रही हैं।
काम्या की इस ऐतिहासिक सफलता पर छत्तीसगढ़ के माननीय मुख्यमंत्री ने उन्हें विशेष शुभकामनाएं देते हुए कहा कि “बेटी गौरव होती है” और काम्या ने पूरे प्रदेश का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है।
8 साल की उम्र से शुरू हुआ सफर, गुरुओं ने दिया ‘निःशुल्क’ तराश
काम्या झा की इस कामयाबी के पीछे कड़ी मेहनत और उनके कोच का बड़ा योगदान है। मात्र आठ साल की उम्र से ही काम्या ने अंतरराष्ट्रीय बास्केटबॉल प्रशिक्षक कालवा राजेश्वर राव और कालवा राधा राव से निःशुल्क बास्केटबॉल का प्रशिक्षण लेना शुरू कर दिया था। काम्या की असाधारण प्रतिभा को देखते हुए ‘दिल्ली पब्लिक स्कूल (DPS) राजनांदगांव’ ने उन्हें अपने स्कूल में निःशुल्क एडमिशन दिया।
शुरुआती दिनों में दिग्विजय स्टेडियम में अभ्यास करने वाली काम्या को डीपीएस राजनांदगांव ने अपने हॉस्टल में रखा और रेवाडिह स्थित बास्केटबॉल मैदान में अभ्यास के लिए भेजा, जहां कोच कालवा राधा राव ने उन्हें तराशने का काम जारी रखा। आज उनके माता-पिता के समर्पण और गुरुओं की लगन का ही परिणाम है कि काम्या ने यह विश्व स्तरीय मुकाम हासिल किया है।
उपलब्धियों से भरा रहा है काम्या का करियर: मेडल्स की लगाई झड़ी
काम्या झा का अब तक का बास्केटबॉल सफर बेहद शानदार रहा है, जिसमें उन्होंने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई मेडल अपने नाम किए हैं:
राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्णिम सफलता: 69वीं जूनियर नेशनल बास्केटबॉल प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल, 67वीं राष्ट्रीय शालेय बास्केटबॉल में गोल्ड मेडल और राष्ट्रीय शालेय मिनी बास्केटबॉल प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल।
सीबीएसई नेशनल और क्लस्टर: महेंद्रगढ़ सीबीएसई नेशनल में गोल्ड मेडल, वाराणसी सीबीएसई नेशनल में सिल्वर मेडल और कटक में आयोजित सीबीएसई क्लस्टर में गोल्ड मेडल।
प्रतिष्ठित टूर्नामेंट्स में भागीदारी: खेलो इंडिया यूथ गेम्स, यूथ नेशनल, जूनियर नेशनल और वर्ष 2022 से अब तक विभिन्न राज्य स्तरीय शालेय प्रतियोगिताओं में लगातार गोल्ड मेडल जीते।
अंतरराष्ट्रीय अनुभव: इससे पहले काम्या सिंगापुर में आयोजित ‘NBA 3×3 इंटरनेशनल इनविटेशनल टूर्नामेंट’ में भी देश का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं।
कड़े ट्रायल और 75 खिलाड़ियों को पछाड़कर बनाई टीम में जगह
काम्या का भारतीय टीम में चयन उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के दम पर हुआ है। स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SGFI) द्वारा रांची में आयोजित भारतीय स्कूल टीम के कैंप के लिए देशभर से 75 बालिका खिलाड़ियों को आमंत्रित किया गया था। कड़े ट्रायल्स के बाद पहले कुल 24 बालिकाओं को शॉर्टलिस्ट किया गया, और अंतिम चयन में काम्या झा ने भारतीय स्कूल टीम में अपनी जगह पक्की की। यह भारतीय टीम 12 जून को सर्बिया के लिए रवाना हो चुकी है।
खेल जगत और गणमान्य नागरिकों ने दी बधाई
काम्या झा की इस अद्भुत वैश्विक उपलब्धि पर उनकी माता पिंकी झा, पिता नारायण झा और उनके मार्गदर्शक व कोच कालवा राधा राव तथा कालवा राजेश्वर राव को चारों तरफ से बधाइयां मिल रही हैं। पत्रकार संगठन ‘आईंरा’ के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत वर्मा सहित विभिन्न खेल संघों, साथी खिलाड़ियों और शहर के गणमान्य नागरिकों ने बेटी की इस कामयाबी पर हर्ष व्यक्त किया है और सर्बिया में उनके शानदार प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दी हैं।
संवाददाता: हेमंत वर्मा, राजनांदगांव ब्यूरो रिपोर्ट: महानगर मेट्रो न्यूज़

