महाराष्ट्र के नांदेड़ जिलों में पिछले दिनों हुई एक शादी का जिक्र रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात कार्यक्रम में किया। पीएम मोदी ने नांदेड के पेठकर परिवार के फैसले की तारीफ की। उन्होंने कहा कि परिवार ने शादी की खुशियां बांटने के लिए अनूठा फैसला लिया।
नागपुर/नांदेड : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘मन की बात’ कार्यक्रम के 135वें एपीसोड में महाराष्ट्र के नांदेड़ की शादी का जिक्र किया। उन्होंने कहाकि महाराष्ट्र के नांदेड़ में एक परिवार ने अपनी खुशियां बांटने के लिए ऐसा काम किया है जो चर्चा का विषय बना गया है। पीएम मोदी ने बताया कि नांदेड़ के बहादुरपुरा गांव में पेठकर परिवार रहता है। इस परिवार ने सोचा कि अगर खुशी बांटनी ही है तो ऐसी चीज दी जाए। जो मुश्किल समय में किसी परिवार का सहारा बने। पीएम मोदी ने बताया कि अपने घर में विवाह के असवर पर इस परिवार ने गांव के लगभग साढ़े तीन हजार लोगों के लिए दुर्घटना बीमा की व्यवस्था की। हर व्यक्ति को एक लाख रुपये का बीमा कवर दिया गया है।
शादी में पूरे गांव का बीमा कराया
महाराष्ट्र के नांदेड़ पिछले दिनों एक शादी सामुदायिक भलाई के एक अनोखे अभियान में बदल गई थी। दूल्हे के परिवार ने लगभग पूरे गांव को दुर्घटना बीमा कवर तोहफे में दिया था। बहादुरपुरा गांव में सिद्धेश्वर पेठकर और मंजूषा की शादी के जश्न के दौरान पेठकर परिवार ने लगभग 3,500 निवासियों का बीमा करवाया। इसमें हर व्यक्ति को 1 लाख रुपये का दुर्घटना कवर मिला। गांव वालों का बीम कराने के फैसले पर दूल्हे सिद्धेश्वर पेठकर ने कहा था कि हमारे गांव में ज्यादा लोग मज़दूर या किसान हैं। जब वे खेतों में काम करने जाते हैं, तो कुछ को सांप काट लेता है, तो कुछ पर जंगली जानवर हमला कर देते हैं। यहां ऐसी दुर्घटनाएं अक्सर होती रहती हैं। इस लिए उन्हें सुरक्षा देने का विचार आया था। इसलिए सभी का बीमा करवाया।
गांव वालों को मिली है सुरक्षा
नांदेड़ जिले की कंधार तहसील में स्थित बहादुरपुरा की वोटर लिस्ट में 3,600 से ज्यादा नाम हैं। परिवार के अनुसारलिस्ट में शामिल लगभग सभी लोगों को अब बीमा योजना के तहत कवर कर लिया गया है। इस पॉलिसी में सांप के काटने, बिजली गिरने, जानवरों के हमले, सड़क दुर्घटनाओं और यहां तक कि रोजमर्रा के कामों के दौरान होने वाली दुर्घटनाओं से होने वाली मौतें भी शामिल हैं। दूल्हे के बड़े भाई अनूप पेठकर ने कहा कि यह पूरी तरह से दुर्घटना बीमा है। ऐसी किसी भी दुर्घटना के कारण मौत होने पर परिवार को 1 लाख रुपये मिलेंगे। उन्होंने कहा कि यह विचार अचानक हुई दुर्घटनाओं के बाद ग्रामीणों को होने वाली आर्थिक परेशानियों को देखकर आया।
शादी में हेलमेट भी बांटे
पेठकर परिवार ने शादी में पहले भी एक बीमा और हेलमेट कैंप आयोजित किया था, जिसमें एक ही दिन में लगभग 900 लोगों का बीमा किया गया था। अपनी शादी के दौरान भी उन्होंने सड़क सुरक्षा के उपाय के तौर पर मेहमानों को हेलमेट बांटे थे। दुल्हन मंजूषा पेठकर भी पति के फैसले पर खुशी जताई। मंजूषा ने कहा था कि परिवार अपनी शादी को गांव के लिए एक छोटे से तोहफे में बदलना चाहता था। उन्होंने कहा था आज हमारा पूरा परिवार और हम दोनों बहुत खुश हैं। पीएम मोदी की तारीफ के बाद अब सिद्धेश्वर पेठकर और मंजूषा की शादी फिर से चर्चा में आ गई है। पीएम मोदी से पहले शिवसेना सांसद मिलिंद देवड़ा ने इस शादी की तारीफ करते हुए लिखा था प्रेरणादायक।

