भारत की खुफिया एजेंसी रॉ से संबंध होने के लगाए गए थे आरोप, अधिकारी ने साक्षात्कार में किया था खंडन; परिवार ने जताई हत्या की आशंका, तुराग नदी में मिला शव
अंतरराष्ट्रीय समाचार डेस्क। बांग्लादेश में वायुसेना के पूर्व फ्लाइट लेफ्टिनेंट के.एम. तहसीफ सौरी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। ढाका की तुराग नदी में उनका शव मिलने के बाद बांग्लादेश में राजनीतिक और सुरक्षा से जुड़े हलकों में चर्चा तेज हो गई है। पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के देश छोड़ने से जुड़े एक वीडियो के प्रसारित होने के बाद तहसीफ सौरी को वायुसेना की सेवा से बर्खास्त कर दिया गया था। उन पर भारत की खुफिया एजेंसी रॉ के लिए जासूसी करने का संदेह भी जताया गया था। हालांकि, अधिकारी ने इन आरोपों को खारिज किया था। दूसरी ओर, उनके परिवार ने मौत को सामान्य घटना मानने से इनकार करते हुए हत्या की आशंका जताई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, वायुसेना के पूर्व अधिकारी तहसीफ सौरी ढाका के उत्तरा इलाके में अपने परिवार के साथ रहते थे। पिछले मंगलवार शाम वह अपने एक मित्र से मिलने के लिए घर से निकले थे। देर रात करीब 1:30 बजे उन्होंने अपनी मां को संदेश भेजकर बताया था कि वह घर लौट रहे हैं। लेकिन इसके बाद वह वापस नहीं पहुंचे। अगले दिन ढाका की तुराग नदी में उनका शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला। पुलिस ने शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए शहीद सुहरावर्दी चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल भेज दिया।
शेख हसीना से जुड़े वीडियो के बाद आए थे चर्चा में
तहसीफ सौरी का नाम अगस्त 2024 में उस समय चर्चा में आया था, जब बांग्लादेश में छात्रों के व्यापक विरोध-प्रदर्शन और राजनीतिक उथल-पुथल के बीच तत्कालीन प्रधानमंत्री शेख हसीना ने 5 अगस्त 2024 को देश छोड़ दिया था। उनके देश से जाने का एक वीडियो सामाजिक माध्यमों पर तेजी से प्रसारित हुआ था। इस वीडियो को लेकर सुरक्षा एजेंसियों में भी हलचल मची थी।
बताया जाता है कि इस वीडियो को रिकॉर्ड करने अथवा इसके प्रसार में तहसीफ सौरी की भूमिका होने का संदेह जताया गया था। इसके बाद उन्हें वायुसेना की सेवा से बर्खास्त कर दिया गया। इस घटनाक्रम के दौरान उन पर भारत की खुफिया एजेंसी रॉ से संबंध होने के आरोप भी लगाए गए थे।
रॉ से संबंध होने के आरोपों को किया था खारिज
स्थानीय मीडिया की रिपोर्टों में तहसीफ सौरी के कथित तौर पर भारतीय खुफिया एजेंसी से जुड़े होने की चर्चा की गई थी। हालांकि, हाल ही में एक साक्षात्कार में पूर्व अधिकारी ने इन आरोपों को पूरी तरह निराधार बताते हुए किसी भी प्रकार के संबंध से इनकार किया था। उन्होंने अपने खिलाफ लगाए गए आरोपों को गलत प्रचार बताया था।
परिवार ने जताई हत्या की आशंका
पूर्व अधिकारी की मौत के बाद उनके परिवार ने गंभीर सवाल उठाए हैं। उनके पिता के.एम. इनायतुल करीम और अन्य परिजनों का आरोप है कि तहसीफ की मौत सामान्य परिस्थितियों में नहीं हुई, बल्कि इसके पीछे सुनियोजित साजिश हो सकती है। परिवार का दावा है कि उन्हें लंबे समय तक मानसिक प्रताड़ना का सामना करना पड़ा था और शेख हसीना से संबंधित वीडियो के मामले में उन्हें गलत तरीके से फंसाया गया था।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
मामले को लेकर बांग्लादेश के गृह मंत्रालय के अधिकारियों का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों का पता प्रारंभिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। अधिकारियों की ओर से भी जांच पूरी होने के बाद ही विस्तृत जानकारी दिए जाने की बात कही गई है।
एक पूर्व सैन्य अधिकारी की संदिग्ध मौत और उससे जुड़े पुराने आरोपों ने बांग्लादेश में नई चर्चा छेड़ दी है। हालांकि, फिलहाल हत्या, जासूसी और किसी विदेशी एजेंसी की कथित भूमिका से जुड़े दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के निष्कर्षों पर सबकी निगाहें टिकी हैं।

