महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शुक्रवार को कहा कि मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जरांगे द्वारा जारी उस ऑडियो क्लिप की फॉरेंसिक जांच कराई जाएगी, जिसमें कथित तौर पर दावा किया गया है कि शिवसेना सांसद श्रीकांत शिंदे के जरिए उन्हें 500 करोड़ रुपये दिए गए थे।
मुंबई : महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने एक ऑडियो क्लिप की फॉरेंसिक जांच के आदेश दिए हैं। इस क्लिप में दावा किया गया है कि मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जारांगे पाटिल को ‘संभालने’ (मैनेज करने) के लिए 500 करोड़ रुपये दिए गए थे। इस मामले ने गठबंधन सहयोगी भाजपा और शिवसेना के बीच एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। बीजेपी और एकनाथ शिंदे की शिवसेना आमने-सामने है। इसी बीच उद्धव ठाकरे की शिवसेना नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने भी तंज कसा है। प्रियंका चतुर्वेदी ने एक पोस्ट के जरिए कहा कि यह सब एकनाथ शिंदे को खत्म करने की साजिश है।
दशहरा रैली में एकनाथ शिंदे खेमे के मंत्री ने कहा कि वे लोग एकनाथ शिंदे को मुख्यंत्री बनते हुए देखना चाहते हैं। उन्होंने कहा क एकनाथ शिंदे के सीएम बनने के रास्ते में जो भी आएगा उसे हटा दिया जाएगा। इस घटनाक्रम को प्रियंका चतुर्वेदी ने 500 करोड़ के दावे वाले ऑडियो क्लिप से जोड़ा।
प्रियंका चतुर्वेदी ने क्या कहा
प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि दशहरा रैली में उन्होंने कहा कि वे CM के रूप में वापसी करेंगे। एक हफ्ते बाद: शिंदे को खत्म करने की कोशिश। बड़ा सवाल: 500 करोड़ रुपये किसकी जेब में गए? महाराष्ट्र सूखे से जूझ रहा है, किसान परेशान हैं, और गठबंधन के भीतर चल रही आपसी लड़ाई की वजह से शासन व्यवस्था चरमरा रही है।
रामदास कदम ने उठाए सवाल
इधर शिवसेना नेता रामदास कदम ने भाजपा से जवाब मांगा है, ‘क्योंकि ऑडियो क्लिप में भाजपा के कई नेताओं के नाम सुनाई दे रहे हैं।’ उन्होंने यह भी पूछा कि क्या भाजपा, शिवसेना प्रमुख एकनाथ शिंदे के बढ़ते कद को लेकर असुरक्षित महसूस कर रही है। उनके ये बयान ऐसे समय में आए हैं जब भाजपा ने शिवसेना से कहा है कि वे इस तरह के मुद्दों को सार्वजनिक रूप से उठाकर सत्ताधारी ‘महायुति’ गठबंधन को नुकसान न पहुंचाएं। फॉरेंसिक जांच की घोषणा करते हुए देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि हमें यह भी पता लगाना होगा कि ढाई साल बाद यह ऑडियो क्लिप अब क्यों सामने आई है।
मनोज जरांगे पाटिल ने जारी की ऑडियो क्लिप
मराठा नेता मनोज जरांगे पाटिल ने गुरुवार को एक ऑडियो क्लिप जारी की थी। इसमें भाजपा की एक महिला नेता कथित तौर पर यह दावा करती सुनाई दे रही हैं कि चुनावों के दौरान पाटिल को ‘संभालने’ के लिए एकनाथ शिंदे को भाजपा से 500 करोड़ रुपये मिले थे। जरांगे पाटिल ने कहा कि यह आरोप उनके आरक्षण आंदोलन को नुकसान पहुंचाने के लिए लगाया गया है। वहीं, शिवसेना ने शिंदे की छवि पर हुए इस हमले पर कड़ी नाराजगी जताई और मामले की जल्द जांच की मांग की।
इस बीच, प्रवीण दरेकर ने इस मुद्दे को सार्वजनिक करने के लिए रामदास कदम की आलोचना की। MLC ने कहा कि वह ऐसा दिखाने की कोशिश कर रहे हैं मानो इस (ऑडियो क्लिप) के पीछे BJP का हाथ है। यह दुर्भाग्यपूर्ण है। वह सरकार में एक गठबंधन का हिस्सा हैं, और आप सरकार में अपने ही सहयोगी को अपशब्द कह रहे हैं। यह हमें बिल्कुल मंजूर नहीं है।

