मुरादाबाद के ठाकुरद्वारा क्षेत्र के बलिया गांव में तेंदुए के हमले से एक महिला की मौत हो गई. महिला खेत में चारा लेने गई थी, तभी तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया. तेंदुए के हमलों में अब तक तीन लोगों की जान जा चुकी है.
मुरादाबाद के ठाकुरद्वारा इलाके में तेंदुए का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है. बलिया गांव में एक बार फिर तेंदुए के हमले से महिला की मौत हो गई. महिला खेत में चारा लेने गई थी, तभी तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया. घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है. तेंदुए के हमले में अब तक तीन लोगों की मौत हो चुकी है.
महिला की मौत से ग्रामीणों में दहशत
सबसे ज्यादा चिंता की बात यह है कि बलिया गांव में तेंदुए के हमले से मौत का यह दूसरा मामला है. एक ही गांव में दो महिलाओं की जान जाने के बाद ग्रामीणों में डर और बढ़ गया है.लोग खेतों की ओर जाने से बच रहे हैं. ग्रामीणों का कहना है कि लगातार हो रहे हमलों के कारण उन्हें हर समय तेंदुए के हमले का डर सताता रहता है.
घटना की जानकारी मिलने के बाद वन विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं. विभाग की ओर से तेंदुए की तलाश में लगातार कॉम्बिंग अभियान चलाया जा रहा है.तेंदुए को पकड़ने के लिए गांव और आसपास के इलाकों में पिंजरे लगाए गए हैं. वहीं, उसकी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ड्रोन समेत आधुनिक तकनीक की मदद ली जा रही है. ग्रामीणों की सुरक्षा के लिए वन विभाग की टीमें भी तैनात की गई हैं.
वन विभाग अब तक 10 तेंदुओं को पकड़ चुका है.
डीएफओ मुरादाबाद के मुताबिक महिला खेत में चारा लेने गई थी, इसी दौरान तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया. उन्होंने ग्रामीणों से अपील की है कि वे अकेले खेतों में न जाएं और विशेष सावधानी बरतें. वन विभाग की टीमें तेंदुए को पकड़ने के लिए लगातार अभियान चला रही हैं.
वन विभाग के अनुसार अब तक रेस्क्यू अभियान के दौरान 9 तेंदुए और एक शावक पकड़ा जा चुका है. यानी कुल 10 तेंदुओं को रेस्क्यू किया गया है। इसके बावजूद बलिया गांव में हुई इस तीसरी मौत ने वन विभाग की चुनौती और ग्रामीणों की चिंता दोनों बढ़ा दी है.

