दिल्ली विश्वविद्यालय की असिस्टेंट प्रोफेसर देबस्मिता पॉल की हत्या के मामले में पुलिस दो नकाबपोश संदिग्धों की तलाश कर रही है। सीसीटीवी में एक पुरुष और एक महिला वसुंधरा एन्क्लेव सोसायटी से बाहर निकलते दिखे हैं।
नई दिल्ली: दिल्ली यूनिवर्सिटी की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. देबस्मिता पॉल हत्याकांड की जांच में जुटी दिल्ली पुलिस को अब दो संदिग्ध नकाबपोश लोगों की तलाश है। सीसीटीवी फुटेज में एक पुरुष और एक महिला को बुधवार को वसुंधरा एन्क्लेव स्थित सोसायटी से अलग-अलग समय पर बाहर निकलते हुए देखा गया है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या दोनों में से कोई देबस्मिता पॉल के फ्लैट पर गया था।
पुलिस ने घटनास्थल के आसपास संदिग्ध समय में आने-जाने वाले करीब 180 लोगों की पहचान की थी। इनमें से 167 लोगों से पूछताछ कर उन्हें क्लीन चिट दे दी गई है, जबकि 13 लोगों की भूमिका अब भी जांच के दायरे में है। इनमें नकाबपोश पुरुष और महिला भी शामिल हैं।
जांच में अब तक क्या पता चला?
इस हत्याकांड की जांच में पता चला है हत्या बुधवार को दोपहर 1 बजे से लेकर शाम 6 बजे के बीच की गई थी। देबेस्मिता पॉल ने आखिरी कॉल दोपहर 12:30 बजे मोड अपार्टमेंट में रहने वाली में को की थी। शाम करीब 6 बजे प्लंबर आया था। उस वक्त बाहर से दरवाजे पर ताला लगा हुआ था। वह ताला देखकर वापस लौट गया था। गुरुवार को उन्हें प्रमोशन इंटरव्यू के लिए जाना था। सुबह करीब 9:30 बजे उनके ड्राइवर संजय आए जो गाजीपुर में रहते हैं।
10 बजे तक जब देबोस्मिता नहीं आई तब संजय ने उन्हें फोन किया। हालांकि रिंग हो रही थी। उसके बाद वह फ्लैट में गया तो देखा कि दरवाजा पर ताला लगा हुआ है और पेपर बाहर पड़ा हुआ है। वह हर दिन पेपर पढ़ती थीं। तब संजय ने देबोस्मिता की बहन देवराती पॉल (49) को फोन कर बताया कि देबोस्मिता फोन नहीं रिसीव कर रही है और दरवाजे पर ताला लगा हुआ है। देवराती ने भी कई बार फोन किया लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया। तब वह अपार्टमेंट में पहुंची। फिर आरडब्ल्यूए से ताला तोड़ने को कहा। जिसके बाद हत्या का खुलासा हुआ।
पति को पूछताछ के लिए बुलाया गया दिल्ली
पुलिस अधिकारी के मुताबिक शक पर कई लोग है। इसमें उनके पति देव शकर साहनी भी शामिल है। वह भी वेस्ट बंगाल के रहने वाले है। उनको भी पूछताछ के लिए दिल्ली बुलाया गया है। वह बेगलुरु में नौकरी करते है। हालाकि हत्या वाले दिन वह बेंगलुरु से बाहर थे। इसलिए उन पर भी शक जताया जा रहा है। 2017 में देवोस्मिता पॉल की शादी देव शंकर साहनी से अरेंज मैरिज हुई थी। उनके तलाक का मामला कड़कड़डूमा कोर्ट में चल रहा है। चार महीना पहले भी सुनवाई के लिए वह दिल्ली आए थे।
सोसायटी के सुरक्षा इंतजामों पर सवाल
जांच के दौरान यह भी पता चला है कि अपार्टमेंट में बाहरी लोग आसानी से आते जाते है। विजिटर का रजिस्ट्रर पर नाम पता नहीं लिखा जाता। इसके अलावा सबसे अधिक लेबर क्लास के लोग भी बहुत अधिक आते जाते है। मेन गेट के एट्री पर ही सीसीटीवी काम करता है। अंदर के ज्यादातर सीसीटीवी खराब है। लिफ्ट का लगा सीसीटीवी भी काम नहीं करता है। देवोस्मिता पॉल की बहन ने भी बताया कि लिफ्ट में लगा सीसीटीवी काम नहीं कर रहा था।

